शनि हुआ मार्गी, शेयर मार्केट में जबरदस्त 2000 अंको की उछाल , निवेशकों की २ लाख करोड़ की कमाई 


शनि-बृहस्पति के सकारात्मक गोचर के साथ 2020 में भारत की आर्थिक विकास को गति मिलेगी

मैंने 1 अगस्त  2019 को अपने  इस ब्लॉग  पर प्रकाशित पोस्ट में 11 अगस्त से  गुरु व् 18  सितम्बर से शनि के मार्गी होने से  मंन्दी के माहौल में सकारात्मक  बदलाव की उम्मीद की थी।  लाजमी  है पिछले पांच महीनो  में गुरु और शनि के रेटोग्रैड मोशन से माहौल काफी नकारत्मक हो गया था.  बाजार में मांग नहीं बढ़ने से आर्थिक विकास सुस्त रही । शेयर मार्किट में भी इस मन्दी के चलते काफी मायूशी छायी रही।  लेकिन अब इन ग्रहो के सकारत्मक परिवर्तन के चलते ही वित्तमंत्री सीतारमण ने अर्थवय्वस्था को मन्दी के माहौल से निकालने व् विकास को गति देने के लिए अनेक कदम उठाए है जिसके कारण आज  शेयर बाजार में जबरदस्त  तेजी दिखी जिसमे सेंसेक्स लगभग 2000 अंक उछला है. जो पिछले १० वर्षो में सबसे बड़ी उछाल है .जिसमे  आज निवेशकों की  लगभग  २ लाख करोड़ की कमाई हुई है

गहन कस्मिक एनालिसिस के आधार पर मेरा यह मानना है कि मोदी सरकार द्वारा  इन नए व् पिछले कई वर्षों में किए गए सुधारवादी पहल और निर्णय देश को लाभान्वित करेंगे  और 2020 से उच्च आर्थिक विकास देश को प्रदान करेंगे जिसमे  भारतीय अर्थव्यवस्था अगले 7 वर्षों में 7 से 12% के बीच बढ़ने की संभावना है।

2020 में 30 साल के लंबे अंतराल के बाद शनि के अपने घर में और 12 साल बाद बृहस्पति के अपने घर में गोचर करेंगे। यह एक असाधारण ब्रह्मांडीय ग्रहों का सयोग होगा जो भारत और विश्व के लिए अगले सात वर्षों में बड़े पैमाने पर अच्छे दिन की वापसी के संकेत देता है!

हालाँकि पिछले महीने के मध्य से ही हालात में सुधार होने की संभावना बन रही है क्योंकि कई ग्रह जो राहु के ब्रह्मांडीय अक्ष के पास  दुर्बल होकर गोचर कर रहे थे अब  सिंह राशि में चले गए है जिनमे  मंगल, शक्ति का ग्रह, ,व्यापार और संचार का ग्रह बुध, धन और वित्त का ग्रह शुक्र  सकारात्मक प्रभाव में पारगमन कर रहे है । 

ग्रह बृहस्पति जो सकारात्मकता, विस्तार, आर्थिक विकास और शेयर बाजारों के अच्छे स्वास्थ्य को इंगित करता है, वह 11 अगस्त 2019 से  मार्गी होकर अपनी नियमित कशा -दिशा में आगे बढ़कर  इस साल नवंबर में अपने स्वयं के धनु राशि में गोचर करेगा। बृहस्पति को सबसे शुभ और लाभकारी ग्रह माना जाता है, 10 अप्रैल 2019 से प्रतिगामी (नकारात्मक या विपरीत दिशा में गोचर ) था, जिसकी वजह से सकारात्मक ऊर्जा बाधित हो गयी थी । 

सयोग वस् एक और महत्वपूर्ण ग्रह  शनि जो नकारात्मकता, बाधा और कठिन समय को इंगित करता है, 30 अप्रैल, 2019 से प्रतिगामी भी हो गया था और  अब 18  सितम्बर  2019 से  मार्गी हो गया है. यह ग्रह अपनी खुद की राशि मकर में २६ जनवरी २०२० को  ३० साल बाद सूर्य के चारों ओर एक पूर्ण चक्र पूरा कर गोचर करेगा। 

इसलिए ग्रहों की गति में इन चार महत्वपूर्ण परिवर्तनों के साथ हम अगले कुछ महीनों में चीजों को बेहतर होने की उम्मीद कर सकते हैं जो बाजार में वर्तमान नकारात्मक भावनाओं को पॉजिटिव इकनोमिक सेंटीमेंट्स में बदल देगा।

जय हिन्द
गोविंद आ. राणा

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